बर्बरीक को क्यों करना पड़ा था अपना शीश दान?

बर्बरीक को क्यों करना पड़ा था अपना शीश दान?

बर्बरीक को ही खाटू श्याम के नाम से जाना जाता है।आज हम देखेंगे उनको खाटू श्याम होने का वरदान कैसे मिला।बर्बरीक दुनिया के सर्वश्रेष्ठ धनुर्धर थे। बर्बरीक के लिए तीन बाण ही काफी थे जिसके बल पर वे कौरवों और पांडवों की पूरी सेना को समाप्त कर सकते थे। युद्ध के मैदान में भीम पौत्र बर्बरीक दोनों  के मध्य बिन्दु एक पीपल के वृक्ष के नीचे खड़े हो गए और यह घोषणा कर डाली कि मैं उस पक्ष की तरफ से लडूंगा जो हार रहा होगा। बर्बरीक की इस घोषणा से कृष्ण चिंतित हो गए।